Wednesday, July 29, 2026

ताजपुर के चर्चित गणेश सहनी हत्याकांड का वांटेड कुख्यात बिट्टू कुमार लोडेड हथियार और साथी संग गिरफ्तार! 13 जिन्दा कारतूस बरामद

दिनांक 26 जुलाई । समस्तीपुर पुलिस ने एक बड़ी और महत्वपूर्ण सफलता हासिल करते हुए ताजपुर थाना क्षेत्र के सनसनीखेज गणेश सहनी हत्याकांड के मुख्य वांटेड और जिले के कई अन्य गंभीर मामलों में फरार चल रहे कुख्यात अपराधकर्मी बिट्टू कुमार को हथियार और जिंदा कारतूसों के साथ गिरफ्तार कर लिया है. इस छापेमारी में पुलिस ने बिट्टू के एक अन्य सहयोगी को भी दबोचा है और उनके पास से भारी मात्रा में अवैध हथियार बरामद किए हैं.

पुलिस हिरासत में मुंह ढके हुए कुख्यात अपराधी बिट्टू कुमार और उसका सहयोगी अंशु कुमार, पीछे मौजूद सुरक्षा बल.

प्रेस कॉन्फ्रेंस को संबोधित करते हुए समस्तीपुर के पुलिस अधीक्षक अरविंद प्रताप सिंह ने इस बड़ी कामयाबी का ब्योरा दिया. उन्होंने बताया कि यह कार्रवाई 25 जुलाई को गुप्त सूचना के आधार पर एसडीपीओ पटोरी के नेतृत्व में एक विशेष पुलिस टीम द्वारा हलई थाना क्षेत्र में की गई.

महाकाल के पास जाल बिछाकर गिरफ्तारी:

मिली जानकारी के अनुसार, पुलिस को सटीक सूचना मिली थी कि वांछित कुख्यात अपराधी बिट्टू कुमार अपने सहयोगियों के साथ वाजितपुर करनैल स्थित चौड़ में पोखरे के पास एक मचान पर बैठा है. सूचना के तुरंत बाद एसडीपीओ पटोरी और उनकी टीम ने, जिसमें हलई थानाध्यक्ष शैलेश कुमार, पुलिस अवर निरीक्षक नितुन कुमार, सब-इंस्पेक्टर मिथुन कुमार, सहायक अवर निरीक्षक योगेंद्र सिंह, सिपाही पप्पू कुमार और सिपाही अविनाश कुमार शामिल थे, घेराबंदी कर छापेमारी की.

इस कार्यवाही में पुलिस ने दोनों अपराधियों को भागने का मौका दिए बिना दबोच लिया.

गिरफ्तार अभियुक्त और बरामदगी:

पकड़े गए अपराधियों की पहचान इस प्रकार की गई है:

  1. बिट्टू कुमार, पिता रामकुमार राय, साकिन इन्द्रवारा, थाना हलई, जिला समस्तीपुर.
  2. अंशु कुमार, पिता चंदू सहनी, साकिन वाजितपुर करनैल, थाना हलई, जिला समस्तीपुर.

गिरफ्तारी के दौरान दोनों की तलाशी ली गई, जिसमें बिट्टू कुमार के पास से एक लोडेड देसी पिस्टल, 07 जिंदा कारतूस और एक मोबाइल फोन बरामद हुआ. वहीं, अंशु कुमार के पास से 01 लोडेड मैगजीन (जिसमें 06 जिंदा कारतूस भरे थे) और एक मोबाइल फोन जब्त किया गया. पुलिस ने अपराध में प्रयुक्त एक मोटरसाइकिल और ₹2,000 नगद भी बरामद किए हैं. कुल मिलाकर, पुलिस ने 13 जिंदा कारतूस और दो मैगजीन रिकवर किए हैं.

प्रेस वार्ता के दौरान बरामद आग्नेयास्त्र और कारतूसों के साथ मौजूद समस्तीपुर के पुलिस अधीक्षक अरविंद प्रताप सिंह, एसडीपीओ पटोरी और छापेमारी दल के अधिकारी.

गणेश सहनी हत्याकांड का अहम खुलासा:

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि गिरफ्तार बिट्टू कुमार समस्तीपुर पुलिस की हिट लिस्ट में था. उसकी गिरफ्तारी सबसे महत्वपूर्ण 8 फरवरी की ताजपुर थाना अंतर्गत गणेश सहनी की हत्या (ताजपुर थाना कांड संख्या 29/24) के मामले में थी. इस हत्याकांड में पुलिस पहले ही दो अभियुक्तों को गिरफ्तार कर जेल भेज चुकी है और एक हथियार भी बरामद किया गया था.

एसपी सिंह ने पुष्टि की कि वैज्ञानिक तफ्तीश और इन्वेस्टिगेशन में यह साफ हो गया था कि गणेश सहनी की निर्मम हत्या के समय बिट्टू कुमार घटनास्थल पर ही मौजूद था. इस गिरफ्तारी के साथ ही गणेश सहनी हत्याकांड में शामिल सभी प्रमुख आरोपियों को पकड़ लिया गया है.

आपराधिक इतिहास और अन्य कांड:

कुख्यात बिट्टू कुमार का पुराना आपराधिक इतिहास रहा है और वह कई मामलों में वांटेड था. पुलिस के अनुसार, वह ‘हैबीचुअल ऑफेंडर’ (आदतन अपराधी) है.

  • ताजपुर हत्या कांड: ताजपुर थाना कांड संख्या 29/24 में वांटेड.
  • यज्ञ में फायरिंग: 16 मई 24 को हलई थाना अंतर्गत लोदीपुर नारायण में एक यज्ञ के दौरान फायरिंग करने का मामला (हलई थाना कांड संख्या 86/24) दर्ज है, जिसमें उसकी तलाश थी.
  • हथियार अधिनियम: इससे पूर्व भी उसके खिलाफ हलई थाना में हथियार रखने का एक और मामला (कांड संख्या 159/25) दर्ज था.

ताजा गिरफ्तारी और लोडेड हथियार बरामद होने के बाद, पुलिस ने हलई थाना में शस्त्र अधिनियम के तहत एक और नया मामला (कांड संख्या 130/26) दर्ज किया है. अब तक के आपराधिक इतिहास में बिट्टू के खिलाफ तीन मामले दर्ज मिल चुके हैं.

पुलिस अधीक्षक ने बताया कि पुलिस अब इन अभियुक्तों को ताजपुर हत्या कांड (29/24) में भी रिमांड पर लेकर पूछताछ करेगी और एविडेंस कलेक्शन (साक्ष्य जुटाने) की कार्यवाही आगे बढ़ाएगी.

इस बड़ी कामयाबी पर पुलिस अधीक्षक ने हलई थानाध्यक्ष और छापेमारी टीम को बधाई दी है. पुलिस अब बिट्टू पर इनाम घोषित करने की प्रक्रिया पर भी विचार कर रही है, हालांकि अभी तक इसकी पुष्टि नहीं की गई है. इस कार्रवाई के बाद जिले में आपराधिक तत्वों के बीच हड़कंप मच गया है.

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छात्रा हत्याकांड का पर्दाफाश: शादी से इंकार करने पर सिरफिरे ने मारी थी गोली, 25,000 का ईनामी हत्यारा गिरफ्तार

समस्तीपुर। वैनी थाना क्षेत्र के कैजिया विशुनपुर में घटित छात्रा सुमन कुमारी हत्याकांड में समस्तीपुर पुलिस की एसआईटी को बड़ी सफलता मिली है। पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए हत्या में शामिल 25,000 रुपये के ईनामी नामजद अभियुक्त को गिरफ्तार कर लिया है। गिरफ्तार अभियुक्त की पहचान बबलू कुमार, पिता लालबाबू साह, साकिन चंदौली वार्ड संख्या 13, थाना वैनी, जिला समस्तीपुर के रूप में हुई है।

बायें-  वैनी थाना क्षेत्र में छात्रा की हत्या के आरोपी 25,000 रुपये के ईनामी अभियुक्त बबलू कुमार को अपनी हिरासत में ले जाती समस्तीपुर पुलिस टीम।  एवं दायें  प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान छात्रा हत्याकांड के पर्दाफाश की जानकारी देते पुलिस अधीक्षक अरविंद प्रताप सिंह, एसडीपीओ सदर-1 संजय कुमार पांडेय, वैनी थाना अध्यक्ष कल्पना कुमारी एवं एसआईटी टीम के अन्य सदस्य।

शादी से इंकार करने पर की गई थी हत्या

घटना 20 जुलाई 2026 को सुबह करीब 09:00 बजे घटी थी, जब कैजिया विशुनपुर निवासी उमेश ठाकुर की पुत्री सुमन कुमारी स्कूल जा रही थी। उसी दौरान आरोपी ने उसे गोली मार दी थी। पूछताछ में अभियुक्त बबलू कुमार ने अपना जुर्म स्वीकार करते हुए बताया कि वह छात्रा पर शादी करने का दबाव बना रहा था। जब छात्रा ने शादी करने से इंकार कर दिया, तो उसने रंजिश में आकर इस वारदात को अंजाम दिया।

पुलिस का विशेष अभियान और सफलता

घटना की संवेदनशीलता को देखते हुए पुलिस अधीक्षक समस्तीपुर अरविंद प्रताप सिंह के निर्देश पर अपर पुलिस अधीक्षक (एसडीपीओ सदर-1) संजय कुमार पांडेय के नेतृत्व में एक विशेष जांच टीम (एसआईटी) का गठन किया गया था। आरोपी की गिरफ्तारी पर 25,000 रुपये का इनाम घोषित किया गया था और लुक आउट नोटिस भी जारी किया गया था। गुप्त सूचना और तकनीकी अनुसंधान के आधार पर पुलिस ने छापेमारी कर आरोपी को धर दबोचा।

बरामदगी

पुलिस ने अभियुक्त के पास से घटना में इस्तेमाल की गई स्प्लेंडर मोटरसाइकिल (रजिस्ट्रेशन संख्या BR33BE0203) और नोकिया कंपनी का मोबाइल बरामद किया है। इसके अलावा घटनास्थल से 04 खोखा और मृतका के शव से 02 पिलेट बरामद हुए हैं। पुलिस हथियार की बरामदगी के लिए प्रयास कर रही है।

पीड़ित परिवार के प्रति संवेदना और धन्यवाद

प्रेस कॉन्फ्रेंस के दौरान पुलिस अधीक्षक अरविंद प्रताप सिंह ने पीड़ित परिवार के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की। उन्होंने कहा कि इतनी विषम और दुखद परिस्थिति में भी पीड़ित परिवार ने पुलिस प्रशासन पर अपना भरोसा बनाए रखा और जांच में पूरा सहयोग दिया। पुलिस इस मामले में त्वरित स्पीडी ट्रायल कराकर अभियुक्त को कड़ी से कड़ी सजा दिलाना सुनिश्चित करेगी।

कार्रवाई करने वाली एसआईटी टीम

इस सफल कार्रवाई में एसडीपीओ सदर-1 संजय कुमार पांडेय, अंचल निरीक्षक संदीप कुमार (मुफस्सिल अंचल), डीआईयू प्रभारी कुणाल चंद्र सिंह, वैनी थाना अध्यक्ष कल्पना कुमारी, पूसा थाना के शंकर कुमार चौधरी, वैनी थाना के सहायक अवर निरीक्षक राकेश कुमार व रवींद्र कुमार सिंह, उप निरीक्षक अमित कुमार, सिपाही कुंदन कुमार और वैनी थाना के सशस्त्र बल शामिल रहे।

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मटन पार्टी में बुलाई मौत: मोतीपुर फ्लाईओवर के पास साहेबगंज के युवक की गोली मारकर हत्या, 2 आरोपी गिरफ्तार

मुजफ्फरपुर। मोतीपुर थाना क्षेत्र अंतर्गत फ्लाई ओवर के पास 21-22 जुलाई 2026 की मध्य रात्रि में हुई युवक की सनसनीखेज हत्या के मामले का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। पुरानी रंजिश, आपसी वर्चस्व और प्रेम प्रसंग के विवाद में मटन पार्टी के बहाने बुलाकर साहेबगंज निवासी संतोष कुमार की गोली मारकर हत्या कर दी गई थी। इस मामले में कार्रवाई करते हुए पुलिस ने घटना में संलिप्त 2 आरोपियों को गिरफ्तार कर लिया है। उनके पास से मृतक का मोबाइल फोन भी बरामद हुआ है।

मोतीपुर हत्याकांड के 2 आरोपियों मंतोष कुमार और अभिषेक कुमार की गिरफ्तारी के बाद प्रेस कॉन्फ्रेंस में जानकारी देतीं अनुमंडल पुलिस अधिकारी पश्चिमी 01 सुचित्रा कुमारी, थानाध्यक्ष मोतीपुर व पुलिस टीम।

मटन पार्टी के बहाने बुलाया और उतार दिया मौत के घाट

मामले की जानकारी देते हुए अनुमंडल पुलिस अधिकारी पश्चिमी 01 सुचित्रा कुमारी ने बताया कि 21 और 22 जुलाई 2026 की दरमियानी रात लगभग 11:30 से 12:00 बजे के बीच मोतीपुर बस स्टैंड फ्लाई ओवर के पास एक युवक की गोली मारकर हत्या करने की सूचना मिली थी। मृतक की पहचान साहेबगंज निवासी संतोष कुमार के रूप में हुई।

जांच के दौरान यह बात सामने आई कि संतोष कुमार की राहुल कुमार उर्फ मनीष कुमार से पुरानी दुश्मनी थी। 20 जुलाई 2026 को मटन पार्टी के नाम पर संतोष कुमार को बुलाया गया था। इसके बाद 21 जुलाई की शाम 8:00 बजे संतोष कुमार ने अपनी मां से फोन पर बात कर बताया था कि वह राहुल कुमार के साथ मटन पार्टी कर रहा है और रात में घर लौटेगा।

रेडर बाइक से पहुंचे और बरसाईं गोलियां

21 जुलाई की देर रात लगभग 11:00 से 11:30 बजे राहुल कुमार उर्फ मनीष कुमार, संतोष कुमार और अन्य साथी रेडर बाइक से मोतीपुर फ्लाई ओवर के पास पहुंचे। राहुल कुमार ने विशाल सिंह से एक पिस्तौल खरीदी थी। फ्लाई ओवर के पास पहुंचते ही राहुल कुमार ने उसी पिस्तौल से संतोष कुमार के पैर और सिर में गोली मार दी, जिससे उसकी मौके पर ही मौत हो गई।

पुलिस की विशेष टीम ने की त्वरित कार्रवाई

घटना की सूचना मिलते ही एफएसएल टीम ने मौके पर पहुंचकर साक्ष्य संकलन किया। मामले की गंभीरता को देखते हुए वरिष्ठ पुलिस अधीक्षक के निर्देशन और अनुमंडल पुलिस अधिकारी पश्चिमी 01 सुचित्रा कुमारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया। इस टीम में प्रभारी जिला आसूचना इकाई और थानाध्यक्ष मोतीपुर की टीम को शामिल किया गया।

मानवीय और तकनीकी साक्ष्यों के आधार पर पुलिस ने साहेबगंज निवासी मंतोष कुमार और अभिषेक कुमार को गिरफ्तार कर लिया। मंतोष कुमार ने अपने स्वीकारोक्ति बयान में पूरी घटना की परतें खोल दीं। आरोपियों के पास से मृतक संतोष कुमार का 1 मोबाइल फोन बरामद किया गया है।

आपराधिक इतिहास और पुरानी रंजिश

पुलिस पूछताछ में यह बात भी सामने आई कि मृतक और आरोपियों के बीच आपसी वर्चस्व, पुरानी रंजिश और प्रेम प्रसंग को लेकर विवाद चल रहा था। मृतक संतोष कुमार का भी पूर्व में आपराधिक इतिहास रहा है। वह पारू थाना क्षेत्र से वर्ष 2021 में छिनतई के एक मामले में जेल जा चुका था।

पुलिस के अनुसार घटना में शामिल अन्य आरोपियों की गिरफ्तारी के लिए उनके संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है और आगे की कानूनी कार्रवाई जारी है।

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मुजफ्फरपुर में बाइक सवार लुटेरों के गिरोह का पर्दाफाश: 20 अप्रैल को हुई छिनतई कांड में 1 दबोचा गया, 2 की तलाश जारी!

मुजफ्फरपुर (कथैया)। कथैया थाना क्षेत्र के पट्टी असवारी स्थित बरदही पुल के पास 20.04.2026 को हुई राहजनी और छिनतई की वारदात का पुलिस ने पर्दाफाश कर दिया है। पुलिस की विशेष टीम ने त्वरित कार्रवाई करते हुए वारदात में शामिल 1 शातिर अपराधी को धर दबोचा है, जबकि उसके 2 अन्य साथी फिलहाल फरार हैं। गिरफ्तार अपराधी के पास से लूट का 1 मोबाइल बरामद हुआ है।

कथैया थाना पुलिस की गिरफ्त में छिनतई कांड का आरोपी विकास कुमार, साथ में मौजूद पुलिस बल।

अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, पश्चिमी 01, सुचित्रा कुमारी ने प्रेस कॉन्फ्रेंस कर बताया कि 20.04.2026 को पारू थाना क्षेत्र के रहने वाले पीड़ित प्रेमचंद्र राम के साथ पट्टी असवारी स्थित बरदही पुल के पास छिनतई की घटना हुई थी। बिना नंबर प्लेट की होंडा शाइन बाइक पर सवार होकर आए 3 बेखौफ अपराधियों ने पीड़ित को घेरकर उनका पिठ्ठू बैग छीन लिया था। बैग में लैपटॉप, मोबाइल, चार्जर, ब्लूटूथ स्पीकर और आरसीएम किट जैसे कीमती सामान रखे थे।

घटना के संदर्भ में पीड़ित के आवेदन पर कथैया थाना में कांड संख्या 101/26 दर्ज किया गया। मामले की संवेदनशीलता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक, मुजफ्फरपुर के निर्देशन और पुलिस अधीक्षक, ग्रामीण के अनुश्रवण में अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी पश्चिमी 01 सुचित्रा कुमारी के नेतृत्व में एक विशेष टीम का गठन किया गया, जिसमें थानाध्यक्ष कथैया की टीम भी शामिल थी।

तकनीकी और मानवीय साक्ष्य संकलन के आधार पर पुलिस टीम ने कार्रवाई करते हुए पारू थाना क्षेत्र के रहने वाले अभियुक्त विकास कुमार को दबोच लिया। गहन पूछताछ में विकास कुमार ने अपना अपराध स्वीकार करते हुए बाइक पर सवार अपने अन्य 2 सहयोगियों के नाम मनीष कुमार और अविनाश कुमार बताए हैं। ये दोनों भी पारू क्षेत्र के ही निवासी हैं। पुलिस के अनुसार आरोपी मनीष कुमार का पूर्व से भी आपराधिक इतिहास रहा है, जबकि बाकी आरोपियों के इतिहास का पता लगाया जा रहा है।

पुलिस ने गिरफ्तार विकास कुमार की निशानदेही पर छीना गया 1 मोबाइल बरामद कर लिया है। अन्य सामानों की बरामदगी और फरार अपराधियों मनीष कुमार एवं अविनाश कुमार की गिरफ्तारी के लिए संभावित ठिकानों पर लगातार छापेमारी की जा रही है।

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पटना के एल०एन०जे०पी० अस्पताल में 400 बेड के ऑर्थोपेडिक सुपर स्पेशियलिटी भवन का उद्घाटन!

मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने राजवंशी नगर स्थित अस्पताल के नए परिसर का किया शुभारंभ; अब एक ही छत के नीचे मिलेगी जांच, इलाज और पुनर्वास की अत्याधुनिक सुविधा!

पटना, 25 जुलाई: बिहार के स्वास्थ्य क्षेत्र में सेवाओं का विस्तार करते हुए पटना में एक नई सुविधा की शुरुआत की गई है। राज्य के मरीजों को अब हड्डी रोग और गंभीर चोटों के इलाज के लिए अन्य राज्यों में नहीं जाना पड़ेगा। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने आज राजवंशी नगर स्थित लोकनायक जयप्रकाश नारायण (एल०एन० जे०पी०) अस्पताल परिसर में नवनिर्मित 400 बेड क्षमता वाले हड्डी रोग अति विशिष्ट (ऑर्थोपेडिक सुपर स्पेशियलिटी) अस्पताल के नए भवन का उद्घाटन किया। इस नए भवन के शुरू होने से मरीजों को आधुनिक चिकित्सा सेवाएं उपलब्ध होंगी।

(बाएं) राजवंशी नगर स्थित एल०एन०जे०पी० अस्पताल के नवनिर्मित 400 बेड वाले ऑर्थोपेडिक सुपर स्पेशियलिटी भवन के मॉडल का अवलोकन करते मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, स्वास्थ्य मंत्री निशांत, सांसद रविशंकर प्रसाद व अन्य अधिकारी। (दाएं) उद्घाटन के बाद अस्पताल के वार्ड में जाकर बेड पर भर्ती मरीज से बातचीत कर स्वास्थ्य सेवाओं की जानकारी लेते मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी।

उद्घाटन के उपरांत मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने अस्पताल के विभिन्न विभागों, आधुनिक चिकित्सा उपकरणों और उपलब्ध स्वास्थ्य सुविधाओं का विस्तृत निरीक्षण किया। उन्होंने भर्ती मरीजों से संवाद कर उन्हें मिल रही चिकित्सा सेवाओं और इलाज की जानकारी ली। मुख्यमंत्री ने अस्पताल प्रशासन को मरीजों की बेहतर देखभाल सुनिश्चित करने के निर्देश दिए।

अस्पताल की प्रमुख सुविधाएं:

  1. 400 बेड की क्षमता: हड्डी रोग के मरीजों के लिए नया विशाल भवन।
  2. मॉड्यूलर ऑपरेशन थिएटर (ओ०टी०): आधुनिक तकनीक से लैस सर्जरी कक्ष।
  3. स्पोर्ट्स इंजरी सेंटर: खिलाड़ियों और युवाओं की चोटों के इलाज की विशेष व्यवस्था।
  4. आई०सी०यू० एवं क्रिटिकल केयर: गंभीर मरीजों की देखभाल के लिए अत्याधुनिक आईसीयू।
  5. ट्रॉमा एवं इमरजेंसी सेवाएं: 24 घंटे आपातकालीन इलाज की सुविधा।
  6. रेडियोलॉजी व एम०आर०आई०: डिजिटल जांच और इमेजिंग की आधुनिक व्यवस्था।
  7. फिजियोथेरेपी व थेरेपी कक्ष: मरीजों के तेजी से ठीक होने के लिए विशेष यूनिट।
  8. व्यावसायिक चिकित्सा (ऑक्यूपेशनल थेरेपी): रोगियों के पुनर्वास (रिहैबिलिटेशन) की सेवा।
  9. ओ०पी०डी० व प्लास्टर रूम: दैनिक मरीजों के उपचार के लिए अलग कक्ष।
  10. एक ही छत के नीचे सेवाएं: जांच, इलाज और पुनर्वास की संपूर्ण सुविधाएं एक ही स्थान पर।

मुख्यमंत्री का वक्तव्य:

इस अवसर पर मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि राज्य सरकार का उद्देश्य बिहार के नागरिकों को अपने ही राज्य में गुणवत्तापूर्ण स्वास्थ्य सेवाएं उपलब्ध कराना है। इस नए अस्पताल के शुरू होने से ऑर्थोपेडिक संबंधी गंभीर बीमारियों के इलाज के लिए मरीजों को अब दूसरे राज्यों पर निर्भर नहीं रहना पड़ेगा। उन्होंने कहा कि एल०एन० जे०पी० अस्पताल में इस सुपर स्पेशियलिटी भवन का शुभारंभ इसी दिशा में एक कदम है, जहां जांच से लेकर उपचार और पुनर्वास तक की समस्त सेवाएं एक ही छत के नीचे उपलब्ध होंगी।

समारोह में उपस्थित प्रमुख लोग:

समारोह में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, स्वास्थ्य मंत्री निशांत, सांसद रविशंकर प्रसाद, विधायक संजीव चौरसिया, विधान पार्षद नवल किशोर यादव, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, विकास आयुक्त मिहिर कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, स्वास्थ्य विभाग के सचिव कुमार रवि सहित लोकनायक जयप्रकाश नारायण अस्पताल के निदेशक, चिकित्सक एवं कर्मी उपस्थित थे।

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बिहार के परिवहन क्षेत्र में बड़ा बदलाव: मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने ई-बसों और नई डीलक्स बसों को हरी झंडी दिखाकर किया रवाना, अब अंतरराज्यीय और शहरी सफर होगा आसान

पटना। बिहार में आधुनिक, पर्यावरण अनुकूल और सुरक्षित सार्वजनिक परिवहन व्यवस्था की दिशा में एक अहम कदम उठाया गया है। मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने पटना स्थित वेटनरी कॉलेज ग्राउंड में आयोजित एक समारोह में प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत मिलने वाली नई इलेक्ट्रिक बसों और बिहार राज्य पथ परिवहन निगम (बीएसआरटीसी) के नए डीलक्स बस बेड़े को हरी झंडी दिखाकर रवाना किया। इस शुरुआत से बिहार के यात्रियों को बेहतर सुविधाएं मिलेंगी और पर्यावरण संरक्षण में भी मदद मिलेगी।

पटना के वेटनरी कॉलेज ग्राउंड में आयोजित समारोह में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव, परिवहन मंत्री दामोदर रावत एवं अन्य वरिष्ठ अधिकारी प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के अंतर्गत नई इलेक्ट्रिक एवं डीलक्स बसों को हरी झंडी दिखाकर रवाना करते हुए।

शहरों को प्रदूषण मुक्त बनाने की पहल

प्रधानमंत्री ई-बस सेवा योजना के तहत बिहार के लिए कुल 400 इलेक्ट्रिक बसों की स्वीकृति मिली है। इनमें 200 बसें 12 मीटर और 200 बसें 9 मीटर श्रेणी की हैं। प्रथम चरण में आज पहली इलेक्ट्रिक बस का लोकार्पण किया गया। ये बसें राज्य के प्रमुख शहरों—पटना, मुजफ्फरपुर, गया, भागलपुर, दरभंगा और पूर्णिया में चलाई जाएंगी। इन वातानुकूलित और धुआं-रहित ई-बसों के संचालन से शहरों में वायु प्रदूषण में कमी आएगी और पर्यावरण सुरक्षित रहेगा।

पड़ोसी राज्यों का सफर होगा और भी किफायती व सुरक्षित

बिहार राज्य पथ परिवहन निगम द्वारा बेड़े में 149 नई डीलक्स बसों (75 एसी और 74 नॉन-एसी) को शामिल किया जा रहा है। इनमें से 3 एसी और 73 नॉन-एसी बसों का शुभारंभ आज कर दिया गया। ये नई डीलक्स बसें बिहार को देश के प्रमुख राज्यों और शहरों जैसे दिल्ली, उत्तर प्रदेश, झारखंड, पश्चिम बंगाल और हरियाणा से सीधे जोड़ेंगी। आधुनिक सुविधाओं और सुरक्षा मानकों से लैस इन बसों के आने से यात्रियों को यात्रा का एक सुरक्षित, किफायती और भरोसेमंद विकल्प मिलेगा।

हरी झंडी दिखाने के बाद नई ई-बस का निरीक्षण करते मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव एवं अन्य अतिथिगण।

समारोह में उपस्थित प्रमुख लोग

इस अवसर पर उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव, परिवहन मंत्री दामोदर रावत, मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, विकास आयुक्त मिहिर कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, परिवहन विभाग के सचिव राज कुमार और बिहार राज्य पथ परिवहन निगम के प्रशासक अतुल कुमार वर्मा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

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बिहार में 11,464 करोड़ रुपये की 2,476 विकास योजनाओं का उद्घाटन और शिलान्यास, 100 दिन की उपलब्धियां सार्वजनिक

विशेष संवाददाता, पटना: बिहार सरकार के 100 दिन पूर्ण होने के अवसर पर राज्य भर में 11,464 करोड़ रुपये की लागत वाली 2,476 विकास योजनाओं का शिलान्यास और उद्घाटन किया गया है। बीआईटी मेसरा, पटना परिसर में आयोजित राज्य स्तरीय कार्यक्रम में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने डिजिटल माध्यम से इन योजनाओं का शुभारंभ किया।

बीआईटी मेसरा, पटना में सरकार के 100 दिन पूरे होने पर आयोजित कार्यक्रम में ‘सेवा, संकल्प और समर्पण के 100 दिन’ की उपलब्धियों पर आधारित पुस्तिका एवं कॉफी टेबल बुक का विमोचन करते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव, ग्रामीण विकास एवं सूचना व जनसंपर्क मंत्री श्रवण कुमार तथा अन्य प्रतिनिधि।

कार्यक्रम में बोलते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि यह सरकार बिहार की जनता की है और वे जनता के सेवक के रूप में कार्य कर रहे हैं। उन्होंने कहा कि इन 100 दिनों में लिए गए फैसले जनहित, सुशासन और राज्य के विकास को समर्पित रहे हैं। उन्होंने यह भी कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी के विकसित भारत के संकल्प और पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के समृद्ध बिहार के सपने को पूरा करने के लिए सरकार निरंतर काम कर रही है।

100 दिनों के प्रमुख कार्य और योजनाएं:

  1. प्रखंड स्तर पर समस्याओं का समाधान: राज्य के सभी 534 प्रखंडों में ‘सहयोग शिविर’ आयोजित किए जा रहे हैं। इनमें अब तक प्राप्त 7 लाख में से लगभग 90 प्रतिशत आवेदनों का निष्पादन किया जा चुका है। जो आवेदक निर्णय से संतुष्ट नहीं होते, उनके लिए मुख्यमंत्री स्वयं हर महीने के दूसरे मंगलवार को पटना में सुनवाई करते हैं।
  2. शिक्षा और शहरी विकास: राज्य में 211 नए डिग्री कॉलेज शुरू किए गए हैं और 551 विद्यालयों को मॉडल स्कूल के रूप में विकसित किया गया है। इसके साथ ही राज्य में 12 नए टाउनशिप विकसित करने की योजना पर काम चल रहा है।
  3. उद्योग, निवेश और रोजगार:
    • 20 नवंबर तक राज्य में 5 लाख करोड़ रुपये का निवेश लाने का लक्ष्य रखा गया है।
    • हर जिले में कम से कम 1 उद्योग स्थापित किया जाएगा।
    • वैशाली के राजापाकर में इलेक्ट्रॉनिक्स मैन्युफैक्चरिंग पार्क और उद्योग लगाए जाएंगे, जिससे लगभग 1 लाख लोगों को रोजगार मिलने की संभावना है।
    • गया में 3000 एकड़ परिसर में स्टील प्लांट हब बनाया जाएगा।
    • आगामी 5 वर्षों में 25 नई चीनी मिलें स्थापित की जाएंगी।
  4. अधोसंरचना और परिवहन:
    • पटना की तर्ज पर अगले 3 वर्षों में राज्य में करीब 200 किलोमीटर लंबा मरीन ड्राइव बनाने की योजना है।
    • गंडक और कोसी नदी के किनारे कॉरिडोर बनाए जाएंगे।
    • सोनपुर, दरभंगा और सुल्तानगंज में नए हवाई अड्डों के विकास पर कार्य जारी है।
  5. स्वास्थ्य और सामाजिक कल्याण:
    • 15 अगस्त के बाद जिला एवं अनुमंडल अस्पतालों से मरीजों को बिना गंभीर कारण के रेफर करने की व्यवस्था को समाप्त किया जाएगा।
    • सार्वजनिक-निजी भागीदारी (पीपीपी) मॉडल पर चिकित्सा सुविधाओं का विस्तार होगा।
    • 1 करोड़ नए राशन कार्ड जारी करने का अभियान चलाया जाएगा।
    • स्वयं सहायता समूहों और महिला सशक्तिकरण के लिए पटना में जीविका टावर का निर्माण होगा।
  6. तकनीक और नए विश्वविद्यालय:
    • सूचना एवं प्रावैधिकी विभाग और माइक्रोसॉफ्ट के बीच समझौता पत्र पर हस्ताक्षर किए गए।
    • डेयरी व पशु संसाधन विभाग का एचपीसीएल और आईओसीएल के साथ समझौता हुआ।
    • श्यामा प्रसाद मुखर्जी के नाम पर एआई एवं कंप्यूटर साइंस विश्वविद्यालय तथा शहीद जुब्बा सहनी के नाम पर आर्किटेक्चर एवं इंजीनियरिंग विश्वविद्यालय की स्थापना की जाएगी।
बीआईटी मेसरा के सभागार में आयोजित कार्यक्रम के दौरान राष्ट्रगान के समय उपस्थित मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, मंत्रीगण, बिहार के मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, प्रशासनिक अधिकारी, जनप्रतिनिधि और छात्र-छात्राएं।

कार्यक्रम में उपस्थिति:

कार्यक्रम में मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत ने मुख्यमंत्री का स्वागत किया। उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजेंद्र प्रसाद यादव और मंत्री श्रवण कुमार ने भी सभा को संबोधित किया।

समारोह में मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, विकास आयुक्त मिहिर कुमार सिंह, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह, संजय कुमार सिंह, मंत्रिमंडल के सदस्य, विधायक, विधान पार्षद और विभिन्न विभागों के अधिकारी उपस्थित थे।

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समाहरणालय में तोड़फोड़ पड़ी भारी: 8 उपद्रवियों की तस्वीरें जारी, पहचान बताने वाले को मिलेगा 10000 रुपये का इनाम

मुजफ्फरपुर। मुजफ्फरपुर समाहरणालय परिसर और शहर के अन्य प्रमुख स्थानों पर बीते 23.07.2026 की संध्या प्रदर्शन के दौरान सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुँचाने वाले उपद्रवियों के खिलाफ पुलिस ने शिकंजा कसना शुरू कर दिया है। वरीय पुलिस अधीक्षक कार्यालय, मुजफ्फरपुर द्वारा प्रेस विज्ञप्ति जारी कर 8 संदिग्ध उपद्रवियों की तस्वीरें सार्वजनिक की गई हैं। पुलिस प्रशासन ने साफ कर दिया है कि किसी भी उपद्रवी को बख्शा नहीं जाएगा और हर हाल में कड़ी से कड़ी कानूनी कार्रवाई की जाएगी।

पहचान बताइए और पाइए 10,000 रुपये इनाम: मुजफ्फरपुर पुलिस द्वारा समाहरणालय परिसर एवं अन्य स्थानों पर उपद्रव व तोड़फोड़ करने वाले 8 संदिग्ध उपद्रवियों की जारी की गई तस्वीरें। इनकी सूचना जिला पुलिस नियंत्रण कक्ष के नंबर 9431896700 पर देकर आप इनाम प्राप्त कर सकते हैं। सूचनादाता की पहचान पूरी तरह गोपनीय रखी जाएगी।

CCTV और सोशल मीडिया फुटेज से हुई पहचान

घटना के दौरान समाहरणालय परिसर में लगे सीसीटीवी कैमरों, वीडियो रिकॉर्डिंग और सोशल मीडिया पर वायरल हुई तस्वीरों के सूक्ष्म विश्लेषण के बाद पुलिस ने इन 8 मुख्य आरोपियों को चिह्नित किया है। इन उपद्रवियों पर सार्वजनिक एवं सरकारी संपत्ति में तोड़फोड़ करने और कानून-व्यवस्था को खतरे में डालने का गंभीर आरोप है।

पहचान बताने वाले को 10,000 रुपये का नगद इनाम

मुजफ्फरपुर पुलिस ने आम जनता से अपील की है कि यदि कोई भी व्यक्ति तस्वीरों में दिख रहे संदिग्धों की पहचान करता है, तो वह तुरंत पुलिस को सूचना दे।

  • पुरस्कार राशि: किसी भी उपद्रवी की सटीक पहचान बताने वाले व्यक्ति को 10,000 (दस हजार रुपये) का नकद इनाम दिया जाएगा।
  • गोपनीयता की गारंटी: सूचना देने वाले नागरिक की पहचान पूरी तरह से गुप्त और गोपनीय रखी जाएगी।
  • संपर्क नंबर: पहचान बताने के लिए जिला पुलिस नियंत्रण कक्ष के नंबर 9431896700 पर संपर्क किया जा सकता है।

ड्रोन से सख्त निगरानी, होगी संपत्ति की भरपाई

मुजफ्फरपुर पुलिस ने उपद्रवियों को चेतावनी देते हुए कड़ा संदेश जारी किया है:

आप पर है हमारी नजर! देर-सबेर आपके घर पहुंचेंगे हम और जुर्माना वसूला जाएगा।”

पुलिस ने स्पष्ट किया है कि सरकारी संपत्ति को नुकसान पहुँचाना एक गंभीर कानूनन अपराध है। सार्वजनिक एवं सरकारी संपत्तियों की सुरक्षा के लिए ड्रोन कैमरों के माध्यम से शहर भर में सघन निगरानी (24 घंटे) की जा रही है। तोड़फोड़ या क्षति पहुँचाने वाले तत्वों की पहचान कर उनके खिलाफ न केवल प्राथमिकी दर्ज होगी, बल्कि नुकसान की पूरी भरपाई (हर्जाना/जुर्माना) भी उन्हीं से वसूली जाएगी।

पुलिस प्रशासन ने सभी शहरवासियों से जिम्मेदार नागरिक बनने, अफवाहों पर ध्यान न देने और शांति व्यवस्था बनाए रखने में पुलिस का सहयोग करने की अपील की है।

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बिहार के खेल इतिहास में बड़ा फैसला: टीम इंडिया के स्टार गेंदबाज बने डीएसपी, 19 खिलाड़ियों को मिली सरकारी नौकरी

पटना के ऊर्जा ऑडिटोरियम में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने बांटे नियुक्ति पत्र और स्कॉलरशिप चेक

– ‘मेडल लाओ, नौकरी पाओयोजना के तहत अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेटरों को मिला बिहार पुलिस में उच्च पद

– 15 सितंबर से पंचायत स्तर पर चलेगा प्रतिभा खोज अभियान, 637 खिलाड़ियों को दी जाएगी खेल छात्रवृत्ति

विशेष रिपोर्ट | पटना

बिहार में खेलों के विकास और खिलाड़ियों के उज्ज्वल भविष्य को लेकर एक नए युग की शुरुआत हुई है। राज्य सरकार की महत्वाकांक्षी मेडल लाओ, नौकरी पाओ योजना के तहत भारतीय क्रिकेट टीम के दो प्रमुख तेज गेंदबाजों, आकाश दीप और मुकेश कुमार को बिहार पुलिस में पुलिस उपाधीक्षक (DSP) के पद पर सीधी नियुक्ति दी गई है। यह पहली बार है जब राज्य में किसी खिलाड़ी को डीएसपी जैसे प्रतिष्ठित और उच्च पद पर नियुक्त किया गया है।

पटना के ऊर्जा ऑडिटोरियम में आयोजित समारोह के दौरान मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी, उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, खेल मंत्री श्रेयसी सिंह, खेल सचिव दीपक आनंद, बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक रविंद्रन शंकरण, अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेटर मुकेश कुमार, आकाश दीप तथा अन्य नवनियुक्त खिलाड़ी एवं अधिकारी समूह चित्र में।

पटना के राजवंशी नगर स्थित ऊर्जा ऑडिटोरियम में आयोजित एक भव्य एवं गरिमामय समारोह में मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने दीप प्रज्वलित कर कार्यक्रम का औपचारिक शुभारंभ किया। इस अवसर पर उन्होंने अंतर्राष्ट्रीय क्रिकेटरों आकाश दीप और मुकेश कुमार सहित कुल 19 उत्कृष्ट खिलाड़ियों को नियुक्ति पत्र सौंपे। इसके अलावा, एथलेटिक्स खिलाड़ी पियूष राज को पुलिस अवर निरीक्षक (सब इंस्पेक्टर) के पद पर नियुक्ति पत्र प्रदान किया गया। नियुक्ति पत्र पाने वालों में 5 पैरा-खिलाड़ी भी शामिल हैं।

विश्वस्तरीय खेल इंफ्रास्ट्रक्चर और मोइनुल हक स्टेडियम का कायाकल्प

समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि बिहार सरकार का लक्ष्य राज्य को राष्ट्रीय स्तर पर खेलों में नंबर-1 बनाना है। उन्होंने घोषणा की कि आगामी 15 सितंबर से राज्य के प्रत्येक पंचायत स्तर पर विशेष अभियान चलाकर ग्रामीण खेल प्रतिभाओं की खोज की जाएगी और उन्हें वैज्ञानिक पद्धति से प्रशिक्षण दिया जाएगा।

मुख्यमंत्री ने जानकारी दी कि पिछले दो वर्षों के दौरान बिहार की विभिन्न पंचायतों में 5,000 खेल मैदानों का निर्माण 100 प्रतिशत पूरा कर लिया गया है। वहीं, राजधानी पटना के ऐतिहासिक मोइनुल हक स्टेडियम का पुनर्विकास भारतीय क्रिकेट कंट्रोल बोर्ड (BCCI) की देखरेख में कराया जा रहा है। लगभग 40 हजार दर्शकों की क्षमता वाला यह आधुनिक स्टेडियम भविष्य में अंतर्राष्ट्रीय मैचों और आईपीएल (IPL) की मेजबानी के लिए तैयार किया जा रहा है। इसके साथ ही, नालंदा में स्थापित स्पोर्ट्स यूनिवर्सिटी से राज्य में खेल क्रांति को नई दिशा मिल रही है।

पटना के ऊर्जा ऑडिटोरियम में ‘मेडल लाओ, नौकरी पाओ’ योजना के तहत मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी उत्कृष्ट खिलाड़ी को नियुक्ति पत्र प्रदान करते हुए। साथ में उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, खेल मंत्री श्रेयसी सिंह, खेल सचिव दीपक आनंद एवं अन्य।

अंतर्राष्ट्रीय विजेताओं को लाखों का नकद पुरस्कार और छात्रवृत्ति

कार्यक्रम के दौरान खेल सम्मान योजना के तहत कई अंतर्राष्ट्रीय पदक विजेताओं को नकद पुरस्कार राशि के सांकेतिक चेक प्रदान किए गए:

  • सेतु मिश्रा (एथलेटिक्स): एशियाई अंडर-23 एथलेटिक्स चैंपियनशिप 2026 में स्वर्ण और रजत पदक जीतकर इतिहास रचने वाले पहले बिहारी एथलीट को 37.50 लाख रुपये का चेक दिया गया।
  • विभास्कर कुमार (एथलेटिक्स): अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर भारत का प्रतिनिधित्व करने के लिए 2.50 लाख रुपये से सम्मानित किया गया।
  • मरियम फातिमा (शतरंज): कॉमनवेल्थ यूथ चेस चैंपियनशिप 2026 की ब्लिट्ज स्पर्धा में कांस्य पदक हासिल करने के लिए 9 लाख रुपये का नकद पुरस्कार दिया गया।

इसके अतिरिक्त, बिहार खेल छात्रवृत्ति योजना 2026 के तहत वित्तीय वर्ष में कुल 637 खिलाड़ियों को स्कॉलरशिप दी जा रही है। इसमें उत्कर्ष योजना (20 लाख रुपये प्रतिवर्ष) के तहत 21, सक्षम योजना (5 लाख रुपये प्रतिवर्ष) के तहत 184, और प्रेरणा योजना (3 लाख रुपये प्रतिवर्ष) के तहत 432 खिलाड़ियों का चयन किया गया है। प्रेरणा योजना में 269 खिलाड़ियों का चयन राज्यव्यापी मशाल प्रतिभा खोज कार्यक्रम के जरिए हुआ है।

समारोह में उपस्थित गणमान्य लोग

इस राज्यस्तरीय कार्यक्रम में मंच पर कई वरिष्ठ राजनेता और प्रशासनिक अधिकारी उपस्थित थे। कार्यक्रम को उपमुख्यमंत्री विजय कुमार चौधरी, खेल मंत्री श्रेयसी सिंह, खेल विभाग के सचिव दीपक आनंद, और बिहार राज्य खेल प्राधिकरण के महानिदेशक रविंद्रन शंकरण ने भी संबोधित किया।

मौके पर मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, पुलिस महानिदेशक विनय कुमार, मुख्यमंत्री के सचिव संजय कुमार सिंह सहित खेल विभाग के अन्य वरीय अधिकारी एवं सैकड़ों खिलाड़ी उपस्थित थे। खेल सचिव दीपक आनंद ने मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी को स्मृति चिह्न भेंट कर उनका अभिनंदन किया।

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बिहार की बेटियों की 100 करोड़ के मेगा प्रोजेक्ट से बदलेगी किस्मत, अब विदेशों में भी बजेगा डंका!

पटना (विशेष संवाददाता)। बिहार की बेटियों और बहनों को आत्मनिर्भर और हुनरमंद बनाने के उद्देश्य से राज्य में कौशल विकास का नया और ऐतिहासिक अध्याय शुरू हो गया है। बिहटा के सिकंदरपुर में 99.97 करोड़ रुपये की लागत से 4 एकड़ भूमि पर बनने वाले ‘राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान (महिला), पटना’ के स्थाई परिसर का भव्य शिलान्यास संपन्न हुआ। लोक सेवक आवास स्थित ‘संकल्प’ सभागार से मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने रिमोट के जरिए शिलापट्ट का अनावरण कर इस महत्वाकांक्षी परियोजना की आधारशिला रखी।

बिहटा में आयोजित राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान (महिला) के शिलान्यास समारोह के मंच पर उपस्थित गणमान्य अतिथि एवं अधिकारीगण।

खराब मौसम के कारण वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग से जुड़े मुख्यमंत्री

समारोह को संबोधित करते हुए मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी ने कहा कि वे स्वयं कार्यक्रम स्थल पर उपस्थित होना चाहते थे, परंतु खराब मौसम के कारण वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से जुड़े। उन्होंने कहा कि आज का यह शिलान्यास कार्यक्रम महज किसी ईंट-पत्थर के भवन का निर्माण नहीं है, बल्कि यह बिहार की प्रतिभाओं को पंख लगाने, आत्मनिर्भर बनाने और आत्मविश्वास से भरने का बड़ा अवसर है।

विदेशों में सीधे मिलेगा रोजगार: स्किल इंडिया इंटरनेशनल सेंटर के लिए एमओयू

कार्यक्रम की सबसे बड़ी उपलब्धि बिहार सरकार और भारत सरकार के कौशल विकास एवं उद्यमिता मंत्रालय के बीच ‘स्किल इंडिया इंटरनेशनल सेंटर’ (SIIC) की स्थापना के लिए हुए समझौता ज्ञापन (एमओयू) पर हस्ताक्षर और आदान-प्रदान रहा। इसके तहत बिहार की बेटियों और युवाओं को अंतरराष्ट्रीय मानकों के अनुरूप कौशल प्रशिक्षण दिया जाएगा, जिससे उनके लिए विदेशों में रोजगार के नए और सीधे दरवाजे खुलेंगे।

अब ट्रेनिंग के लिए नहीं जाना पड़ेगा दूसरे राज्य

इस संस्थान की स्थापना का मुख्य उद्देश्य राज्य की युवतियों को आधुनिक तकनीकी एवं व्यावसायिक प्रशिक्षण देकर उन्हें रोजगार योग्य और उद्यमी बनाना है। अब तक गुणवत्तापूर्ण ट्रेनिंग के लिए बिहार की युवतियों को दूसरे राज्यों का रुख करना पड़ता था, लेकिन इस स्थाई परिसर के तैयार हो जाने के बाद उन्हें अपने ही राज्य में विश्वस्तरीय सुविधाएं मिलेंगी। संस्थान के निर्माण के लिए राज्य सरकार ने 4 एकड़ भूमि मुफ्त में उपलब्ध कराई है।

संकल्प सभागार में वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से सिकंदरपुर, बिहटा में राष्ट्रीय कौशल प्रशिक्षण संस्थान (महिला) के स्थाई परिसर का शिलान्यास करते मुख्यमंत्री सम्राट चौधरी और उपस्थित वरिष्ठ प्रशासनिक अधिकारी।

मात्र 10 रुपये में इंजीनियरिंग और 5 रुपये में पॉलिटेक्निक की पढ़ाई

राज्य में कौशल विकास के ढांचे की जानकारी देते हुए सम्राट चौधरी ने बताया कि वर्तमान में बिहार में लगभग 1,500 कौशल प्रशिक्षण केंद्र संचालित हैं, जहां 12 लाख युवाओं को प्रशिक्षित किया जा चुका है और 1 लाख 38 हजार युवा अभी ट्रेनिंग ले रहे हैं। राज्य के 38 इंजीनियरिंग कॉलेजों में मात्र 10 रुपये और 46 पॉलिटेक्निक संस्थानों में केवल 5 रुपये के मामूली शुल्क पर गुणवत्तापूर्ण उच्च तकनीकी शिक्षा दी जा रही है। इसके साथ ही युवाओं को ग्लोबल बनाने के लिए लैंग्वेज लैब स्थापित की गई हैं, जहां जापानी, जर्मन और फ्रेंच जैसी भाषाएं सिखाई जा रही हैं।

2047 के विकसित भारत और समृद्ध बिहार का संकल्प

मुख्यमंत्री ने कहा कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी द्वारा शुरू किए गए ‘स्किल इंडिया मिशन’ और 2047 तक ‘विकसित भारत’ के संकल्प को पूरा करने में स्किल्ड युवा सबसे महत्वपूर्ण भूमिका निभाएंगे। उन्होंने पूर्व मुख्यमंत्री नीतीश कुमार के ‘समृद्ध बिहार’ के सपने को साकार करने के लिए बिहार के युवाओं की प्रतिबद्धता जताई। साथ ही जननायक कर्पूरी ठाकुर के नाम पर बनाए जा रहे कौशल विश्वविद्यालय का भी जिक्र किया।

समारोह में उपस्थित रहे दिग्गज कार्यक्रम के दौरान केंद्रीय राज्य मंत्री (स्वतंत्र प्रभार) जयंत चौधरी का संदेश सुनाया गया। युवा, रोजगार एवं कौशल विकास विभाग के मंत्री अरुण शंकर प्रसाद ने मुख्यमंत्री को हरित पौधा एवं प्रतीक चिन्ह भेंटकर स्वागत किया।

इस अवसर पर मुख्यमंत्री के प्रधान सचिव दीपक कुमार, मुख्य सचिव प्रत्यय अमृत, मुख्यमंत्री के सचिव लोकेश कुमार सिंह उपस्थित थे। वहीं वीडियो कॉन्फ्रेंसिंग के माध्यम से महानिदेशक दिलीप कुमार, सचिव कौशल किशोर, निदेशक हरिकेश मीणा और निदेशक सुनील कुमार सहित केंद्र व राज्य सरकार के अनेक पदाधिकारी और विद्यार्थी जुड़े रहे।

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