Monday, April 13, 2026

एमडीडीएम कॉलेज की ‘आयरन लेडी’ डॉ. विनीता झा को नम आंखों से दी गई विदाई

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मुजफ्फरपुर | 30 मार्च, 2026 महंत दर्शन दास महिला महाविद्यालय (एमडीडीएम) के परिसर में सोमवार को एक युग का समापन हुआ। अंग्रेजी विभागाध्यक्ष डॉ. विनीता झा की सेवानिवृत्ति पर आयोजित विदाई समारोह में कॉलेज परिवार की आंखें नम थीं, तो वहीं उनके 34 वर्षों के गौरवशाली कार्यकाल के प्रति गहरा सम्मान भी था। महाविद्यालय शिक्षक संघ के तत्वावधान में आयोजित इस कार्यक्रम में वक्ताओं ने डॉ. झा को अनुशासन और कर्तव्यनिष्ठा की ‘आयरन लेडी’ बताया।

व्यक्तित्व की प्रखरता और कुशल नेतृत्व

समारोह की अध्यक्षता करते हुए शिक्षक संघ की सचिव डॉ. कुमारी सरोज ने कहा कि डॉ. विनीता झा न केवल एक कुशल प्राध्यापिका थीं, बल्कि एक बेहतरीन इंसान भी हैं। उन्होंने अपनी कर्मठता से अपनी अलग पहचान बनाई और शिक्षक संघ को मजबूत आधार दिया। प्राचार्य डॉ. अलका जायसवाल ने उनके सहयोग को याद करते हुए कहा कि उनका व्यक्तित्व सबसे अलग था, उन्होंने समय-समय पर अपने सुझावों से महाविद्यालय को नई दिशा दी।

संघर्ष और बौद्धिक चेतना का संगम

वरिष्ठ प्राध्यापक प्रो. जयकांत सिंह जय ने डॉ. झा के जीवन को ‘संघर्ष की महागाथा’ करार दिया। वहीं, डॉ. रमेश ऋतंभर ने उनके पढ़ाए छात्रों की सफलता का उल्लेख करते हुए उनके उज्ज्वल भविष्य की कामना की। डॉ. किरण झा ने अपनी भावनाओं को ‘जय जय बम बम भोले’ गीत के माध्यम से व्यक्त किया, तो डॉ. अर्चना तिवारी ने विक्टोरिया इरिक्सन की कविता पढ़कर विदाई के क्षणों को भावुक बना दिया।

सम्मान और स्मृतियों का सफर

प्रो. प्रांजलि और डॉ. नवनीता ने उनके अनुशासन को अनुकरणीय बताया। प्रो. शगुफ्ता नाज़ ने उन्हें ‘आयरन लेडी’ की संज्ञा देते हुए कहा कि उनके साथ काम करना गौरव की बात थी और उनका जाना अंग्रेजी विभाग के लिए एक अपूरणीय क्षति है। डॉ. प्रियम फ्रांसिस ने उन्हें एक स्नेहिल विदुषी बताया जो सबको ज्ञान और प्यार बांटती रहीं।

भावुक संबोधन: “ईमान से कभी समझौता नहीं किया”

अपनी विदाई पर डॉ. विनीता झा काफी भावुक दिखीं। उन्होंने कहा, मैंने 34 वर्षों की लंबी सेवा में अपने कर्तव्य बोध और अधिकारों के प्रति सजग रही। कभी अपने स्वाभिमान और ईमान से समझौता नहीं किया। ईश्वर को धन्यवाद है कि मेरा शैक्षिक सफर गरिमामय रहा।”

समारोह में कॉलेज के सभी प्राध्यापक-प्राध्यापिकाएं और शिक्षकेतर कर्मचारी उपस्थित थे, जिन्होंने उपहार और शुभकामनाओं के साथ अपनी प्रिय सहकर्मी को विदाई दी।

मुजफ्फरपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई: जेसीबी से रौंदी गई 1450 लीटर अवैध शराब

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मुजफ्फरपुर | कार्यालय संवाददाता बिहार में शराबबंदी कानून को सख्ती से लागू करने के लिए मुजफ्फरपुर पुलिस लगातार एक्शन मोड में है। वरीय पुलिस अधीक्षक (SSP) के निर्देशानुसार जिले में अवैध शराब के खिलाफ चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत रविवार को पुलिस ने शराब की एक बड़ी खेप को नष्ट कर दिया।

मजिस्ट्रेट की मौजूदगी में विनष्टीकरण

आज दिनांक 29 मार्च, 2026 को सकरा थाना परिसर में भारी मात्रा में जब्त शराब का विनष्टीकरण किया गया। यह कार्रवाई तैनात मजिस्ट्रेट, उत्पाद विभाग के अधिकारियों और संबंधित पुलिस पदाधिकारियों की संयुक्त निगरानी में पूरी की गई।

विभिन्न कांडों में जब्त थी शराब

पुलिस के अनुसार, नष्ट की गई शराब विभिन्न छापेमारी और कार्रवाई के दौरान जब्त की गई थी। कुल 1450 लीटर अवैध विदेशी और देशी शराब को जमीन पर फैलाकर जेसीबी (JCB) के जरिए पूरी तरह नष्ट कर दिया गया।

“जिले में शराब के अवैध कारोबार और सेवन के विरुद्ध जीरो टॉलरेंस की नीति अपनाई जा रही है। यह विशेष अभियान आगे भी जारी रहेगा ताकि जिले को नशामुक्त बनाया जा सके।”— पुलिस प्रशासन

70वां रेल सप्ताह समारोह: पंडित दीन दयाल उपाध्याय मंडल को मिली ओवरऑल एफिशिएंसी शील्ड, समस्तीपुर मंडल ने जीती 11 श्रेणियां

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हाजीपुर। पूर्व मध्य रेल के हाजीपुर स्थित वैशाली रेल प्रेक्षागृह में आयोजित भव्य समारोह में 70वें रेल सप्ताह का आयोजन किया गया। इस अवसर पर पूर्व मध्य रेल के महाप्रबंधक छत्रसाल सिंह ने वर्ष 2025 के दौरान उत्कृष्ट सेवा देने वाले रेल अधिकारियों और कर्मचारियों को विशिष्ट रेल सेवा पुरस्कार से सम्मानित किया। कार्यक्रम का उद्घाटन महाप्रबंधक छत्रसाल सिंह, महिला कल्याण संगठन की अध्यक्षा सुनीता सिंह और अन्य अतिथियों ने दीप प्रज्वलित कर किया।

समारोह में कुल 94 रेलकर्मियों को उनके उत्कृष्ट कार्य के लिए प्रशस्ति पत्र और पुरस्कार प्रदान किए गए। इस अवसर पर अपर महाप्रबंधक अमरेंद्र कुमार, प्रधान मुख्य कार्मिक अधिकारी सुरेश चन्द्र श्रीवास्तव सहित मुख्यालय और पांचों मंडलों के रेल प्रबंधक और वरिष्ठ अधिकारी मौजूद रहे।

पंडित दीन दयाल उपाध्याय मंडल की बड़ी उपलब्धि

समग्र प्रदर्शन और कार्य कुशलता के आधार पर वर्ष 2025 की प्रतिष्ठित महाप्रबंधक ओवरऑल एफिशिएंसी शील्ड पंडित दीन दयाल उपाध्याय (डीडीयू) मंडल को प्रदान की गई। मंडल ने परिचालन और तकनीकी क्षेत्रों में कई महत्वपूर्ण सफलताएं दर्ज कीं:

  • समय पालन: मेल एक्सप्रेस ट्रेनों के शत-प्रतिशत समय पालन के साथ देश में सर्वश्रेष्ठ प्रदर्शन के लिए ‘समय पालन कार्यकुशलता शील्ड’ (पंक्चुअलिटी शील्ड) जीती।
  • माल ढुलाई: रिकॉर्ड 4.5 किलोमीटर लंबी मालगाड़ी रुद्रास्त्र चलाकर परिचालन क्षमता में वृद्धि के लिए ‘माल ढुलाई कार्यकुशलता शील्ड’ प्राप्त की।
  • इंजीनियरिंग: रेलवे ट्रैक के सुदृढ़ीकरण और उन्नयन के लिए ‘ट्रैक मेंटेनेंस शील्ड’ दी गई। इसी मंडल में 180 किलोमीटर प्रति घंटा की गति के लिए सफल परीक्षण किया गया था।

समस्तीपुर मंडल का दबदबा: जीतीं 11 महत्वपूर्ण शील्ड्स

समारोह में समस्तीपुर मंडल ने विभिन्न विभागों में अपना परचम लहराया। मंडल रेल प्रबंधक ज्योति प्रकाश मिश्रा के नेतृत्व में मंडल ने कुल 11 श्रेणियों में पुरस्कार जीते:

  1. ओवरऑल एफिशिएंसी शील्ड: परिचालन विभाग में उत्कृष्ट प्रदर्शन के लिए ज्योति प्रकाश मिश्रा और वरिष्ठ मंडल परिचालन प्रबंधक विजय प्रकाश ने शील्ड प्राप्त की।
  2. व्यापार एवं वाणिज्य: ‘बेस्ट परफॉरमेंस इन बिजनेस’ और ‘वाणिज्य कार्यकुशलता शील्ड’ के लिए ज्योति प्रकाश मिश्रा और वरिष्ठ मंडल वाणिज्य प्रबंधक अनन्या स्मृति को सम्मानित किया गया।
  3. इंजीनियरिंग: इंजीनियरिंग विभाग में बेहतर कार्य के लिए ज्योति प्रकाश मिश्रा और वरिष्ठ मंडल इंजीनियर संजय कुमार ने शील्ड ली।
  4. चिकित्सा: चिकित्सा विभाग में श्रेष्ठता के लिए मुख्य चिकित्सा अधीक्षक सुनील कुमार को शील्ड दी गई।
  5. तकनीकी एवं दूरसंचार: दूरसंचार कार्यकुशलता के लिए वरिष्ठ मंडल दूरसंचार इंजीनियर पंकज कुमार को पुरस्कृत किया गया।
  6. अन्य सम्मान: बेस्ट रनिंग रूम के लिए संजय कुमार, बेस्ट स्क्रैप निस्तारण के लिए गौरव कुमार सिंह, स्वच्छता के लिए विजय प्रकाश और बेस्ट डीजल शेड के लिए अरविंद कुमार को महाप्रबंधक द्वारा सम्मानित किया गया।

सुरक्षा और सांस्कृतिक कार्यक्रम

यात्री सुरक्षा और मानव तस्करी रोकने में उत्कृष्ट कार्य के लिए रेलवे सुरक्षा बल (आरपीएफ) पोस्ट मुजफ्फरपुर के उप निरीक्षक गोकुलेश पाठक को विशेष रूप से सम्मानित किया गया। समारोह के दौरान सांस्कृतिक टीमों ने रंगारंग प्रस्तुतियां दीं, जिसकी उपस्थित लोगों ने सराहना की। विभिन्न विभागों और मंडलों के बीच बेहतर तालमेल के लिए कुल 56 दक्षता और सर्वांगीण दक्षता शील्ड प्रदान की गईं।

महाप्रबंधक का संदेश

समारोह को संबोधित करते हुए महाप्रबंधक  छत्रसाल सिंह ने कहा कि समस्तीपुर और डीडीयू जैसे मंडलों की प्रतिस्पर्धात्मक भावना ही पूर्व मध्य रेल को भारतीय रेल के मानचित्र पर अग्रणी बनाए हुए है। उन्होंने ‘रुद्रास्त्र’ जैसे नवाचारों और शत-प्रतिशत समय पालन की उपलब्धि को रेल के इतिहास में मील का पत्थर बताया।

महंगाई और बेरोजगारी के खिलाफ आंदोलन तेज करेगी भाकपा माले

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ताजपुर (समस्तीपुर) | 29 मार्च 2026 ताजपुर प्रखंड के सिरसिया (वार्ड 13) में रविवार को भाकपा माले शाखा की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। शाखा सचिव राजेश कुमार सहनी की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में क्षेत्रीय समस्याओं से लेकर संगठन की मजबूती और आगामी सम्मेलनों की रणनीति पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक का पर्यवेक्षण प्रखंड कमिटी सदस्य जीतेंद्र सहनी ने किया, जबकि मुख्य अतिथि के रूप में प्रखंड सचिव सुरेंद्र प्रसाद सिंह उपस्थित रहे।

जनविरोधी नीतियों पर प्रहार

बैठक को संबोधित करते हुए प्रखंड सचिव सुरेंद्र प्रसाद सिंह ने केंद्र और राज्य सरकार पर तीखा हमला बोला। उन्होंने कहा कि आज आम जनता बढ़ती महंगाई, बेरोजगारी और राशन-गैस की किल्लत से त्रस्त है, लेकिन सरकार जनहित के मुद्दों पर मौन साधे हुए है। किसानों और मजदूरों की स्थिति दिन-ब-दिन बदतर होती जा रही है। उन्होंने संकल्प लिया कि जो लोग कल्याणकारी योजनाओं के लाभ से वंचित हैं, उन्हें अभियान चलाकर हक दिलाया जाएगा।

आगामी सम्मेलनों की तैयारी

प्रखंड कमिटी सदस्य जीतेंद्र सहनी ने आगामी संगठनात्मक कार्यक्रमों की जानकारी देते हुए बताया कि:

  • 18-19 अप्रैल: कल्याणपुर के वीरसिंहपुर में भाकपा माले का जिला सम्मेलन आयोजित होगा।
  • 16-17-18 मई: दरभंगा प्रेक्षागृह में राज्य सम्मेलन का आयोजन किया जाएगा।

इन सम्मेलनों की सफलता के लिए व्यापक स्तर पर प्रचार-प्रसार, कोष संग्रह और सदस्यता अभियान चलाने का निर्णय लिया गया है।

संगठन विस्तार पर जोर

बैठक में सर्वसम्मति से कई प्रस्ताव पारित किए गए, जिनमें प्रमुख हैं:

  1. लोकयुद्ध पत्रिका: पार्टी की विचारधारा को घर-घर पहुँचाने के लिए ‘लोकयुद्ध’ पत्रिका के नए पाठक बनाना।
  2. सदस्यता अभियान: बकाया शुल्क संग्रह करना और नए सदस्यों को जोड़कर गांव-गांव में संगठन को मजबूत करना।
  3. आंदोलन की रणनीति: जनसमस्याओं को लेकर आने वाले दिनों में प्रखंड स्तर पर बड़े आंदोलन की रूपरेखा तैयार करना।

बैठक के अंत में उपस्थित कार्यकर्ताओं ने जन-संघर्ष को तेज करने और शोषितों की आवाज बुलंद करने का सामूहिक संकल्प लिया।

BSEB 10th Result 2026: बिहार बोर्ड मैट्रिक के नतीजे घोषित, सफलता दर में 0.32% की मामूली गिरावट

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पटना: बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) ने आज, 29 मार्च को मैट्रिक वार्षिक परीक्षा 2026 के परीक्षाफल घोषित कर दिए हैं। बोर्ड ने इस वर्ष भी पिछले साल की तरह रिकॉर्ड समय में परिणाम जारी कर अपनी निरंतरता बनाए रखी है। गौरतलब है कि पिछले वर्ष भी 29 मार्च को ही परिणाम जारी किए गए थे।

इस वर्ष का प्रदर्शन: आंकड़ों की नजर में

वर्ष 2026 की मैट्रिक परीक्षा में कुल 81.79% विद्यार्थी सफल रहे हैं। यदि पिछले वर्ष के आंकड़ों से तुलना की जाए, तो इस बार उत्तीर्ण प्रतिशत में 0.32% की मामूली गिरावट दर्ज की गई है। 2025 में उत्तीर्ण प्रतिशत 82.11% रहा था।

परीक्षा का आयोजन:

  • परीक्षा केंद्र: प्रदेश भर में कुल 1,699 केंद्र।
  • परीक्षा तिथि: 17 से 25 फरवरी 2026 के बीच।
  • रिजल्ट तिथि: 29 मार्च 2026।

पिछले वर्ष (2025) का रिपोर्ट कार्ड

तुलनात्मक अध्ययन के लिए पिछले वर्ष के कुछ प्रमुख आंकड़े निम्नलिखित हैं:

  • कुल परीक्षार्थी: 15,58,077 छात्र शामिल हुए थे।
  • सफल छात्र: 12,79,294 (82.11%)।
  • श्रेणीवार सफलता: * प्रथम श्रेणी: 4,70,845
    • द्वितीय श्रेणी: 4,84,000+
    • तृतीय श्रेणी: 3,07,792
  • टॉपर: साक्षी कुमारी, अंशु कुमारी और रंजन वर्मा ने 489 अंक (97.80%) के साथ संयुक्त रूप से टॉप किया था।
  • टॉप-10 सूची: पिछले वर्ष टॉप-10 में कुल 123 बच्चों ने जगह बनाई थी, जिनमें 60 छात्राएं और 63 छात्र शामिल थे।

मामूली गिरावट के बावजूद बेहतर प्रदर्शन

विशेषज्ञों का मानना है कि 0.32% की कमी बेहद कम है और इसे परिणाम में स्थिरता माना जाना चाहिए। बोर्ड ने जिस पारदर्शिता और गति से मूल्यांकन कार्य पूर्ण कर समय पर रिजल्ट जारी किया है, उससे छात्रों को आगे के नामांकन की प्रक्रियाओं में काफी सहूलियत होगी।

बिहार बोर्ड मैट्रिक रिजल्ट जारी: 81.79% छात्र सफल, बेटियों ने फिर लहराया परचम

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जमुई की पुष्पांजलि और वैशाली की सरीन संयुक्त रूप से स्टेट टॉपर; टॉप-10 में 139 विद्यार्थियों ने बनाई जगह

पटना | मुख्य संवाददाता बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) ने रविवार को मैट्रिक वार्षिक परीक्षा 2026 का परिणाम घोषित कर दिया है। राज्य के शिक्षा मंत्री  सुनील कुमार और बोर्ड अध्यक्ष आनंद किशोर ने संयुक्त रूप से प्रेस कॉन्फ्रेंस कर नतीजों को जारी किया। इस वर्ष कुल 81.79% परीक्षार्थी सफल रहे हैं। इंटर के बाद मैट्रिक में भी लड़कियों ने बाजी मारी है। उत्तीर्ण होने वाली छात्राओं की संख्या 6,34,353 है, जबकि 6,01,390 छात्र सफल हुए हैं।

बेटियों ने हासिल किया शीर्ष स्थान

इस बार प्रदेश की दो बेटियों ने संयुक्त रूप से राज्य में प्रथम स्थान प्राप्त कर गौरव बढ़ाया है। सिमुलतला आवासीय विद्यालय (जमुई) की पुष्पांजलि कुमारी और उच्च माध्यमिक विद्यालय, छौड़ाही (वैशाली) की सरीन परवीन ने 492 अंक (98.4%) प्राप्त कर टॉप किया है। दूसरे स्थान पर बेगूसराय की नाहिद सुल्ताना (97.8%) रहीं। वहीं तृतीय स्थान पर संयुक्त रूप से बक्सर की अनुपा कुमारी और बेगूसराय के ओमकार कुमार (97.6%) रहे।

रिकॉर्ड समय में रिजल्ट, बिहार फिर बना नंबर-1

शिक्षा मंत्री सुनील कुमार ने बताया कि बिहार देश का पहला राज्य है जिसने मार्च महीने में ही इंटर और मैट्रिक दोनों के परिणाम घोषित कर दिए हैं। बोर्ड ने मात्र 12 दिनों के मूल्यांकन के बाद यह उपलब्धि हासिल की है। उन्होंने कहा, “हमारी तकनीक और ‘बेस्ट प्रैक्टिसेस’ को अब राजस्थान और गोवा जैसे राज्य भी अपना रहे हैं।”

टॉपरों के लिए इनाम की राशि हुई दोगुनी

बोर्ड अध्यक्ष आनंद किशोर ने मेधावी छात्रों के लिए बड़ी घोषणा करते हुए बताया कि इस बार पुरस्कार राशि दोगुनी कर दी गई है:

  • प्रथम स्थान: 2 लाख रुपये, लैपटॉप, मेडल और प्रशस्ति पत्र।
  • द्वितीय स्थान: 1.5 लाख रुपये, लैपटॉप और मेडल।
  • तृतीय स्थान: 1 लाख रुपये, लैपटॉप और मेडल।
  • 4थे से 10वें स्थान तक: 20,000 रुपये और लैपटॉप।

रिजल्ट से असंतुष्ट छात्र 1 अप्रैल से करें आवेदन

जो छात्र अनुत्तीर्ण हुए हैं या अपने अंकों से संतुष्ट नहीं हैं, उन्हें घबराने की जरूरत नहीं है। बोर्ड अध्यक्ष ने बताया कि 1 अप्रैल से 7 अप्रैल के बीच स्क्रूटनी और ‘विशेष सह पूरक परीक्षा’ के लिए ऑनलाइन आवेदन किए जा सकते हैं। इस परीक्षा का रिजल्ट मई में ही जारी कर दिया जाएगा ताकि छात्रों का साल बर्बाद न हो।


एक नजर आंकड़ों पर:

विवरणसंख्या / प्रतिशत
कुल परीक्षार्थी15,10,928
कुल सफल छात्र12,35,743 (81.79%)
प्रथम श्रेणी4,43,723
द्वितीय श्रेणी4,75,511
तृतीय श्रेणी3,03,103
टॉप 10 में शामिल छात्र139

शिक्षा मंत्री की अपील: “अभिभावक कम अंक आने पर बच्चों पर मानसिक दबाव न बनाएं। उन्हें प्रोत्साहित करें ताकि वे पूरक परीक्षा के माध्यम से बेहतर भविष्य की ओर बढ़ सकें।”

बिहार बोर्ड मैट्रिक रिजल्ट आज: दोपहर 01:15 बजे जारी होंगे नतीजे, शिक्षा मंत्री करेंगे घोषणा

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पटना। बिहार विद्यालय परीक्षा समिति (BSEB) द्वारा आयोजित मैट्रिक वार्षिक परीक्षा, 2026 के परीक्षाफल का इंतजार कर रहे लाखों परीक्षार्थियों के लिए बड़ी खबर है। बोर्ड आज यानी 29 मार्च 2026 को मैट्रिक का रिजल्ट जारी करने जा रहा है।

मुख्य कार्यक्रम और समय

बिहार विद्यालय परीक्षा समिति के अध्यक्ष आनन्द किशोर ने बताया कि परीक्षाफल की घोषणा शिक्षा मंत्री, श्री सुनील कुमार द्वारा की जाएगी। रिजल्ट जारी करने का समय दोपहर 01:15 बजे निर्धारित किया गया है। इस अवसर पर शिक्षा विभाग के अपर मुख्य सचिव डॉ. बी. राजेन्द्र भी उपस्थित रहेंगे।


कहाँ और कैसे देखें रिजल्ट?

परिणाम घोषित होने के तुरंत बाद छात्र बोर्ड की आधिकारिक वेबसाइटों पर जाकर अपना स्कोरकार्ड चेक कर सकते हैं। भारी ट्रैफिक को देखते हुए बोर्ड ने आधिकारिक लिंक जारी किए हैं:

रिजल्ट चेक करने के लिए जरूरी जानकारी:

छात्रों को अपना परिणाम देखने के लिए निम्नलिखित विवरण तैयार रखने होंगे:

  1. रोल कोड (Roll Code)
  2. रोल नंबर (Roll Number)

नोट: अधिक जानकारी और लाइव अपडेट के लिए छात्र बोर्ड के आधिकारिक सोशल मीडिया हैंडल (@officialbseb) को फॉलो कर सकते हैं।

भाकपा माले का जिला सम्मेलन 18-19 अप्रैल को कल्याणपुर में, तैयारियों को लेकर जुटी जिला कमिटी

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कल्याणपुर (समस्तीपुर): भाकपा माले के आगामी जिला सम्मेलन को ऐतिहासिक बनाने और सफल संचालन के उद्देश्य से शनिवार को वासुदेवपुर में जिला कमिटी की एक महत्वपूर्ण बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में सर्वसम्मति से निर्णय लिया गया कि पार्टी का दो दिवसीय जिला सम्मेलन आगामी 18 और 19 अप्रैल को कल्याणपुर के वीरसिंहपुर स्थित चंदा विवाह भवन में आयोजित होगा।

वरिष्ठ नेताओं की मौजूदगी में बनी रणनीति

जिला सचिव उमेश कुमार की अध्यक्षता में हुई इस बैठक में सांगठनिक मजबूती और सम्मेलन की रूपरेखा पर विस्तार से चर्चा की गई। बैठक में मुख्य रूप से पर्यवेक्षक के तौर पर पोलित ब्यूरो सदस्य सह मिथिलांचल प्रभारी धीरेंद्र झा, राज्य सचिव कुणाल, केंद्रीय कमिटी सदस्य मंजू प्रकाश और राज्य कमिटी सदस्य बंदना सिंह उपस्थित रहीं।

जन मुद्दों को धार देगा यह सम्मेलन: का० कुणाल

बैठक को संबोधित करते हुए राज्य सचिव का० कुणाल ने कहा कि यह सम्मेलन केवल एक आयोजन नहीं, बल्कि पार्टी संगठन को वैचारिक रूप से मजबूत करने और जन मुद्दों को धार देने का एक सशक्त माध्यम है। इसके जरिए आगामी राजनीतिक रणनीति तय की जाएगी। वहीं, धीरेंद्र झा ने कार्यकर्ताओं का आह्वान करते हुए कहा कि सम्मेलन की सफलता के लिए पूरी ताकत झोंक दें। उन्होंने गांव-गांव जाकर हर शाखा, पंचायत और प्रखंड स्तर पर कार्यकर्ताओं को जागरूक करने तथा प्रतिनिधियों की शत-प्रतिशत भागीदारी सुनिश्चित करने पर जोर दिया।

सम्मेलन से पहले चलेगा जनसंपर्क अभियान

बैठक में तय किया गया कि सम्मेलन से पूर्व विभिन्न क्षेत्रों में व्यापक जनसंपर्क अभियान चलाया जाएगा। इसका मुख्य उद्देश्य आम जनता की बुनियादी समस्याओं को समझना और उन्हें सम्मेलन के एजेंडे में प्रमुखता से शामिल करना है।

बैठक में ये रहे मौजूद:  बैठक में दिनेश कुमार, जीबछ पासवान, सुरेंद्र प्रसाद सिंह, अमित कुमार, ललन कुमार, अजय कुमार, महावीर पोद्दार, फूलबाबू सिंह, रंजीत राम, आसिफ होदा, खुर्शीद खैर, हरिकांत झा, महेश कुमार, फिरोजा बेगम, गंगा प्रसाद पासवान, रामचंद्र पासवान, जयंत कुमार, रौशन कुमार, सुनील कुमार और लोकेश कुमार सहित जिला कमिटी के कई सदस्यों ने अपने विचार साझा किए।

क्या है ‘शिक्षा में रामत्व’? भारतीय शिक्षण मंडल के स्थापना दिवस समारोह में विद्वानों ने विस्तार से समझाया

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शिक्षा का अर्थ केवल हुनर सीखना नहीं, जीवन को ‘उत्तमोत्तम’ बनाना है: डॉ. राजेश्वर प्रसाद सिंह

मुजफ्फरपुर | निज प्रतिनिधि |भारतीय शिक्षण मंडल के 57वें स्थापना दिवस के अवसर पर शुक्रवार को लंगट सिंह महाविद्यालय (एलएस कॉलेज) का मुख्य प्रशाल वैचारिक मंथन का केंद्र बना। “शिक्षा में रामत्व” विषय पर आयोजित इस भव्य समारोह में प्रख्यात विद्वानों ने भारतीय शिक्षा पद्धति और भगवान राम के आदर्शों के अंतर्संबंधों को गहराई से स्पष्ट किया।

कार्यक्रम को सम्‍बोधित करते प्रख्यात साहित्यकार डॉ. राजेश्वर प्रसाद सिंह (बायें)

राम का चरित्र: शिक्षा का वास्तविक निदर्शन

मुख्य वक्ता के रूप में उपस्थित धर्म समाज संस्कृत महाविद्यालय के पूर्व हिंदी विभागाध्यक्ष एवं प्रख्यात साहित्यकार डॉ. राजेश्वर प्रसाद सिंह ने “शिक्षा में रामत्व” की व्याख्या करते हुए कहा कि राम का चरित्र ही वास्तव में शिक्षा का सच्चा निदर्शन (उदाहरण) है। उन्होंने कहा, राम के व्यक्तित्व में त्याग, तप, बलिदान, करुणा, प्रेम और सौहार्द का जो समन्वय है, वही हमारे नैतिक मूल्यों का आधार है। भारतीय मनीषा के अनुसार, शिक्षा केवल पैसा कमाने या हुनर सीखने का जरिया नहीं है, बल्कि यह जीवन को उत्तमोत्तमबनाने की एक साधना है।” उन्होंने रामायण के विभिन्न प्रसंगों का उल्लेख करते हुए गुरु-शिष्य परंपरा और कर्म की महत्ता को समझाया।

नर से नारायण बनने की यात्रा

मुख्य अतिथि एवं संस्कृत के उद्भट विद्वान डॉ. अमरेन्द्र ठाकुर (पूर्व प्रधानाचार्य, एमपीएस साइंस कॉलेज) ने कहा कि राम का चरित्र भारत का शाश्वत आदर्श है। उन्होंने विस्तार से बताया कि रामायण वास्तव में ‘नर से नारायण’ बनने की एक प्रक्रिया है। उन्होंने जोर देकर कहा कि आज केवल शिक्षा के क्षेत्र में ही नहीं, बल्कि समाज के हर व्यक्ति में ‘रामत्व’ के गुणों को जागृत करने की आवश्यकता है, क्योंकि राममय होना ही मानवता का सच्चा प्रतीक है।

चरित्र-निर्माण और भारतीयता का संकल्प

विशिष्ट वक्ता डॉ. अवधेश ठाकुर ने अपने संबोधन में स्पष्ट किया कि राम के बिना भारतीय शिक्षा और संस्कृति की परिकल्पना ही असंभव है। उन्होंने कहा कि जब हम ज्ञान के साथ चरित्र-निर्माण को जोड़ते हैं, वही ‘रामत्व’ का वास्तविक स्वरूप है। कार्यक्रम की अध्यक्षता करते हुए अजीत कुमार ने कहा कि राम हमारे समाज के नायक हैं और वर्तमान शिक्षा में संस्कार एवं संस्कृति का जुड़ाव ही ‘रामत्व’ की स्थापना है।

भारतीय शिक्षण मंडल के प्रांत मंत्री डॉ. नवीन तिवारी ने विषय-प्रवेश कराते हुए मंडल के उद्देश्यों पर प्रकाश डाला। उन्होंने कहा कि संगठन का मूल लक्ष्य शिक्षा में ‘भारतीयता’ को उपस्थापित करना है। उन्होंने आह्वान किया कि शैक्षिक अध्ययन, अध्यापन, अनुसंधान और प्रकाशन का आधार भारतीय मूल्य ही होने चाहिए।

सम्मान एवं गरिमामयी उपस्थिति

समारोह का शुभारंभ डॉ. राजेश्वर प्रसाद सिंह, डॉ. अमरेन्द्र ठाकुर, डॉ. अवधेश ठाकुर एवं श्री अजीत कुमार ने संयुक्त रूप से दीप प्रज्वलित कर किया। इस अवसर पर आगत अतिथियों को पुस्तक और शाल देकर सम्मानित किया गया। धन्यवाद ज्ञापन व्यवस्था प्रमुख विजय कुमार शर्मा ने किया, जबकि मंच का सफल संचालन डॉ. नवीन तिवारी ने किया।

कार्यक्रम में इनकी रही सक्रिय भागीदारी: समारोह में डॉ. ललित किशोर, डॉ. हरिशंकर भारती, कैप्टन बालेश्वर राय, डॉ. गणेश कुमार सिंह, डॉ. राकेश रंजन, डॉ. अमरेन्द्र झा, डॉ. रवि कुमार, डॉ. पवन कुमार, डॉ. मनोज कुमार, प्रशांत गौतम, प्रभात मिश्रा, मयंक मिश्रा, अभिनव राज, पुष्कर सिंह, कार्तिक पाण्डेय, अंशुमान, संतोष सिंह, दिव्य लता, अभियंता बलराम सिंह, अभियंता सुबोध कुमार, मनोज शुक्ला, रवींद्र प्रसाद सिंह तथा शिक्षक अनिल कुमार, सरोज कुमार, राकेश कुमार सहित भारी संख्या में छात्र-छात्राएं और शिक्षक उपस्थित थे।

पानापुर करियात पुलिस की बड़ी सफलता: गैस एजेंसी लूट कांड में अंतर-जिला गिरोह के 3 शातिर गिरफ्तार

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मुजफ्फरपुर। जिला पुलिस को अपराध नियंत्रण की दिशा में एक और बड़ी सफलता हाथ लगी है। पानापुर करियात थाना क्षेत्र स्थित एक गैस एजेंसी/गोदाम में हुई लूट और चोरी की घटना का उद्भेदन करते हुए पुलिस ने अंतर-जिला गिरोह के तीन शातिर अपराधियों को धर दबोचा है। गिरफ्तार अभियुक्तों के पास से भारी मात्रा में अवैध हथियार और अन्य सामान बरामद किए गए हैं।

प्रेस वार्ता के दौरान जानकारी प्रदान करती अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (पश्चिमी-01), सुचित्रा कुमारी

घटना का संक्षिप्त विवरण

जानकारी के अनुसार, बीते 26 मार्च 2026 को पानापुर करियात थाना अंतर्गत एक गैस एजेंसी में चोरी और लूट की वारदात हुई थी। इस संबंध में पानापुर थाना कांड संख्या 43/26 दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया था।

विशेष टीम का गठन और गिरफ्तारी

मामले की गंभीरता को देखते हुए वरीय पुलिस अधीक्षक के निर्देशन और एसपी ग्रामीण के अनुश्रवण में एक विशेष टीम का गठन किया गया। इस टीम में डीआईयू  के सदस्य और पानापुर करियात के थानाध्यक्ष शामिल थे।

गुप्त सूचना के आधार पर पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए पानापुर करियात क्षेत्र से ही गिरोह के तीन सदस्यों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार अभियुक्तों की पहचान इस प्रकार है:

  1. राम प्रवेश सहनी
  2. शत्रुघ्न सहनी
  3. बलिंदर राम

बरामदगी की सूची

गिरफ्तार अपराधियों के पास से पुलिस ने निम्नलिखित सामान बरामद किए हैं:

  • 02 देशी कट्टा
  • 09 जिंदा कारतूस
  • 02 मोटरसाइकिल
  • 02 कटर (गैस कटिंग के लिए प्रयुक्त)
  • 02 चाकू

अपराधिक इतिहास

अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (पश्चिमी-01), सुचित्रा कुमारी ने प्रेस वार्ता के दौरान बताया कि गिरफ्तार अभियुक्तों का पुराना अपराधिक इतिहास रहा है। इन पर कांटी, पानापुर करियात समेत विभिन्न थानों में कई मामले दर्ज हैं। यह गिरोह न केवल गैस गोदामों में चोरी और लूट करता था, बल्कि मोबाइल टावरों से तार चोरी करने की घटनाओं में भी सक्रिय था।

“यह गिरोह लगातार चोरी, लूट और टावर से तार काटने जैसी घटनाओं को अंजाम दे रहा था। गिरफ्तार अभियुक्तों को न्यायिक हिरासत में भेजा जा रहा है और अन्य कांडों में भी इन्हें रिमांड पर लेकर पूछताछ की जाएगी।” — सुचित्रा कुमारी, SDPO (पश्चिमी-01)

फिलहाल पुलिस इस गिरोह के अन्य सदस्यों और इनके संपर्कों का पता लगा रही है ताकि क्षेत्र में अपराधिक गतिविधियों पर पूरी तरह लगाम लगाई जा सके।