08 अप्रैल, 2026 |समस्तीपुर | :अक्षय तृतीया के अवसर पर होने वाले बाल विवाह की रोकथाम के लिए बुधवार को जवाहर ज्योति बाल विकास केंद्र के नेतृत्व में एक व्यापक जन जागरूकता कार्यक्रम का आयोजन किया गया। बिशनपुर बांदे स्थित उत्क्रमित उच्च माध्यमिक विद्यालय में आयोजित इस कार्यक्रम को महिला एवं बाल विकास निगम तथा जिला प्रशासन, समस्तीपुर के साझा सहयोग से सफलतापूर्वक संपन्न किया गया।

‘सखी वार्ता‘ के माध्यम से अधिकारों की जानकारी
कार्यक्रम के दौरान महिला एवं बाल विकास निगम के डी.एम.सी. गौरव कुमार, जी.एस. राजेश कुमार एवं डॉली कुमारी ने छात्र-छात्राओं के बीच “सखी वार्ता” का आयोजन किया। इस विशेष सत्र में बालिकाओं को उनके कानूनी अधिकारों, व्यक्तिगत सुरक्षा और सरकार द्वारा चलाई जा रही विभिन्न कल्याणकारी योजनाओं की विस्तार से जानकारी दी गई। वक्ताओं ने स्पष्ट किया कि अक्षय तृतीया जैसे अबूझ सावे पर अक्सर बाल विवाह के मामले बढ़ जाते हैं, जिसे रोकने के लिए समाज का सतर्क होना अनिवार्य है।
विशेषज्ञों ने दी कानूनी जानकारी
जवाहर ज्योति बाल विकास केंद्र की टीम ने बच्चों को उनके संवैधानिक अधिकारों से रूबरू कराया।
- दीप्ती कुमारी (जिला कार्यक्रम समन्वयक) और विभा कुमारी (सामुदायिक सामाजिक कार्यकर्ता) ने बाल विवाह के शारीरिक व मानसिक दुष्परिणामों पर प्रकाश डाला।
- रवि कुमार मिश्रा (प्रोजेक्ट कोऑर्डिनेटर) एवं पप्पु यादव (अकाउंट ऑफिसर) ने पॉक्सो एक्ट , बाल श्रम और बाल अधिकार जैसे गंभीर विषयों पर छात्रों को जागरूक किया ताकि वे किसी भी शोषण के खिलाफ आवाज उठा सकें।

“शिक्षा ही वह अस्त्र है जिससे बाल विवाह जैसी कुरीतियों को जड़ से मिटाया जा सकता है।” — पंकज कुमार, प्रधानाध्यापक
समाज में बदलाव की मुहिम
विद्यालय के शिक्षक सत्या प्रकाश ने भी बच्चों को शिक्षा के महत्व के प्रति प्रेरित किया। कार्यक्रम के अंत में उपस्थित सैकड़ों छात्र-छात्राओं ने एक सुर में ‘बाल विवाह मुक्त समाज‘ बनाने का संकल्प लिया। जवाहर ज्योति बाल विकास केंद्र के इस प्रयास को स्थानीय ग्रामीणों और जिला प्रशासन ने समाज में सकारात्मक बदलाव की दिशा में एक बड़ा कदम बताया है।




